शिवपुरी – जिले के नरवर कस्बे में किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर सोमवार को जोरदार प्रदर्शन किया गया। ब्लॉक किसान कांग्रेस कमेटी के बैनर तले आयोजित इस आंदोलन का नेतृत्व अध्यक्ष विक्रम रावत बनियानी ने किया। सैकड़ों कार्यकर्ता एक खंबी चौराहे पर एकत्रित हुए और रैली निकालते हुए तहसील कार्यालय पहुंचे, जहां तहसीलदार संतोष धाकड़ को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा गया।
प्रदर्शन के दौरान किसानों से जुड़े कई अहम मुद्दे प्रमुखता से उठाए गए। ज्ञापन में बताया गया कि सोसायटी ऋण जमा करने की अंतिम तिथि 28 मार्च तय है, जबकि गेहूं की एमएसपी पर खरीदी 7 अप्रैल से शुरू होगी। ऐसे में किसानों को राहत देते हुए ऋण जमा करने की तिथि आगे बढ़ाने की मांग की गई, ताकि वे फसल बेचने के बाद बिना ब्याज के ऋण चुका सकें।
किसानों ने अमेरिका के साथ प्रस्तावित ट्रेड डील में सोयाबीन ऑयल के टैक्स-फ्री आयात पर रोक लगाने की मांग भी उठाई, ताकि देशी किसानों को नुकसान से बचाया जा सके। साथ ही, अतिवृष्टि और ओलावृष्टि से प्रभावित फसलों का सर्वे कराकर जल्द मुआवजा और बीमा राशि दिलाने की मांग की गई।
प्रदर्शनकारियों ने गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य 4000 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित करने की मांग करते हुए कहा कि इससे किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिल सकेगा।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि किसानों की मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो पार्टी उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
फायर ब्रिगेड की व्यवस्था की मांग
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि इस समय गेहूं की फसल तैयार है और आगजनी की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। ऐसे में सीहोर थाना क्षेत्र में अस्थायी फायर ब्रिगेड की व्यवस्था किए जाने की मांग भी उठाई गई।
इस दौरान जिला अध्यक्ष किसान कांग्रेस पुरुषोत्तम रावत, पूर्व विधायक प्रागीलाल जाटव, सुरेंद्र कोली, सौरभ माहेश्वरी, राजकुमार कोली, हीरा कुशवाह, जगदीश परमार, अजमेर रजक, गोपाल पाल सहित सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।
