पुलिस के अनुसार ग्वालियर के उपनगर मुरार निवासी एक व्यक्ति ने 7 सितंबर 2026 को थाने में अपनी 21 वर्षीय बेटी के लापता होने की शिकायत दर्ज कराई थी। परिजन ने बताया था कि छात्रा सुबह करीब 9 बजे मुरार स्थित गर्ल्स कॉलेज जाने के लिए घर से निकली थी। परिवार को उम्मीद थी कि वह कॉलेज से लौट आएगी लेकिन देर रात तक उसके घर नहीं पहुंचने पर चिंता बढ़ गई। परिजनों ने अपने स्तर पर रिश्तेदारों और आसपास के इलाकों में उसकी तलाश की लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। इसके बाद उन्होंने पुलिस से मदद मांगी।
शिकायत मिलने के बाद मुरार थाना पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 140(3) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक धर्मवीर सिंह के निर्देश पर और सीएसपी मुरार संदीप बांगरे के मार्गदर्शन में छात्रा की तलाश के लिए विशेष टीम गठित की गई। टीम का नेतृत्व मुरार थाना प्रभारी निरीक्षक गोविंद बल्लभ बगोली ने किया। पुलिस ने संभावित स्थानों पर जानकारी जुटाने के साथ ही मुखबिर तंत्र और मोबाइल लोकेशन के आधार पर जांच आगे बढ़ाई।
तलाश के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि छात्रा का मोबाइल हरियाणा के कैथल में सक्रिय हुआ है। इस सुराग के आधार पर पुलिस टीम तत्काल कैथल के लिए रवाना हुई। स्थानीय स्तर पर जानकारी जुटाने के बाद टीम ने 23 अक्टूबर 2026 को शुगर मिल के पास स्थित आजाद कॉलोनी में एक कमरे पर दबिश दी। इसी दौरान छात्रा को बरामद कर लिया गया। पुलिस के मुताबिक छात्रा को सुरक्षित ग्वालियर लाया गया है। उसे 24 अक्टूबर की रात करीब 11 बजे ग्वालियर पहुंचाया गया।
पुलिस का कहना है कि छात्रा को अपने साथ ले जाने वाला युवक कार्रवाई के दौरान मौके से फरार हो गया। उसकी तलाश की जा रही है। फिलहाल पुलिस छात्रा के बयान दर्ज कर रही है ताकि घटनाक्रम की पूरी जानकारी सामने आ सके और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा सके।
एसएसपी धर्मवीर सिंह के अनुसार ऑपरेशन मुस्कान के तहत मुरार से लापता कॉलेज छात्रा को हरियाणा के कैथल से बरामद किया गया है। पुलिस अब छात्रा के बयान और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर अगला कदम उठाएगी।
