घटना की जानकारी के अनुसार प्रह्लाद शर्मा की तैनाती PWI स्टोर डिपो में शाम 6 बजे से सुबह 6 बजे की नाइट शिफ्ट में थी। रात करीब 2:30 से 3:00 बजे के बीच जब सन्नाटा पसरा हुआ था तभी एक मोटरसाइकिल पर सवार दो अज्ञात युवक डिपो परिसर के भीतर घुस आए। दोनों आरोपियों ने अपनी पहचान छिपाने के लिए हेलमेट पहन रखे थे। ड्यूटी पर सतर्क प्रह्लाद शर्मा ने जब उनसे आने का कारण और नाम-पता पूछा तो बदमाशों ने सहयोग करने के बजाय उनके साथ अभद्र भाषा का प्रयोग और गाली-गलौज शुरू कर दी।
विवाद इतना बढ़ा कि बदमाशों ने पूर्व सैनिक पर हमला बोल दिया। उन्होंने प्रह्लाद शर्मा को पकड़कर जमीन पर पटक दिया और लात-घूंसों से उनकी बेरहमी से पिटाई की। क्रूरता की हद पार करते हुए एक आरोपी ने चाकू निकाला और प्रह्लाद के दाहिने घुटने पर एक के बाद एक तीन वार किए। जब बदमाश ने चौथा वार करने की कोशिश की तो उसे रोकने के प्रयास में प्रह्लाद शर्मा का बायां हाथ गंभीर रूप से कट गया और मौके पर ही अत्यधिक खून बहने लगा। वारदात को अंजाम देकर आरोपी अपनी बाइक से अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए।
लहूलुहान हालत में घायल कर्मचारी काफी देर तक दर्द से चीखते रहे। इसी दौरान वहां से गुजर रहे एक राहगीर की नजर उन पर पड़ी जिसने तुरंत रेलवे सुरक्षा बल RPF को सूचित किया। मौके पर पहुंची RPF की टीम ने तत्काल प्रह्लाद शर्मा को शहडोल के देवांता हॉस्पिटल ले जाकर ICU वार्ड में भर्ती कराया जहां उनकी स्थिति फिलहाल नाजुक बनी हुई है।
