बसंत पंचमी 2026: तिथि और शुभ मुहूर्त वर्ष 2026 में बसंत पंचमी का पर्व 22 जनवरी को मनाया जाएगा। पंचमी तिथि प्रारंभ: 22 जनवरी 2026 को सुबह से। पूजा का शुभ समय: सुबह 07:13 बजे से दोपहर 12:33 बजे तक लगभग 5 घंटे 20 मिनट। शेष योग इस दिन रवि योग और अमृत सिद्धि योग का निर्माण हो रहा है, जो खरीदारी और नई शुरुआत के लिए अत्यंत श्रेष्ठ है।
इन वस्तुओं को घर लाना माना जाता है अत्यंत शुभ
मोरपंख मोरपंख को विद्या और बुद्धि का प्रतीक माना जाता है। इसे बसंत पंचमी के दिन लाकर बच्चों के स्टडी रूम या उनकी किताबों में रखना चाहिए। माना जाता है कि इससे छात्रों की एकाग्रता बढ़ती है और पढ़ाई में मन लगता है।नई किताबें और पेन कलम पेन को माँ सरस्वती का रूप माना जाता है। इस दिन नया पेन या नई किताबें खरीदकर उनकी पूजा करना और उन पर तिलक लगाना बहुत लाभकारी होता है। यह कार्य विशेष रूप से नई शिक्षा शुरू करने वाले बच्चों अक्षरारंभ के लिए श्रेष्ठ है। पीले वस्त्र या फूल पीला रंग माँ सरस्वती को अत्यंत प्रिय है क्योंकि यह शुद्धता और नई चेतना का प्रतीक है। इस दिन पीले वस्त्र खरीदना या गेंदे के पीले फूलों से घर को सजाना सुख-समृद्धि लेकर आता है।
माँ सरस्वती की पूजा के लिए विशेष टिप
