रसूलिया शिवाजीनगर निवासी रामगोपाल टोकसे नर्मदापुरम के एक निजी अस्पताल में उपचाररत थे। उनकी स्थिति अत्यंत गंभीर थी और वे ब्रेन हैमरेज तथा मल्टी ऑर्गन फेलियर जैसी जटिल स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे थे। चिकित्सकों ने उनकी नाजुक हालत को देखते हुए उच्च स्तरीय चिकित्सा सुविधा वाले अस्पताल में तत्काल रेफर करने की सलाह दी। इसके बाद परिजनों ने प्रशासन से पीएम श्री एयर एम्बुलेंस सेवा उपलब्ध कराने का अनुरोध किया।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नरसिंह गहलोत और डिप्टी कलेक्टर डॉ. बबिता राठौर के मार्गदर्शन में प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई शुरू की। प्रारंभिक योजना के अनुसार हेलीकॉप्टर को नर्मदापुरम स्थित एसपीएम केंद्रीय विद्यालय मैदान में बनाए गए हेलीपैड पर उतरना था। हालांकि लगातार हो रही बारिश के कारण मैदान की स्थिति अनुकूल नहीं रही और अंतिम समय में स्थान परिवर्तन का निर्णय लेना पड़ा।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए नर्मदापुरम प्रशासन ने सीहोर जिला प्रशासन से समन्वय स्थापित किया और बुधनी स्थित ट्राइडेंट कंपनी के हेलीपैड को वैकल्पिक स्थल के रूप में चुना गया। प्रशासनिक टीमों की सक्रियता और बेहतर समन्वय के कारण एयर एम्बुलेंस गुरुवार सुबह 11 बजकर 15 मिनट पर बुधनी पहुंची और मरीज को लेकर नागपुर के लिए रवाना हो गई।
पूरे ऑपरेशन की सबसे बड़ी सफलता यह रही कि एयर एम्बुलेंस ने महज 1 घंटा 15 मिनट में नागपुर पहुंचकर नया रिकॉर्ड बनाया। दोपहर 12 बजकर 30 मिनट पर हेलीकॉप्टर नागपुर पहुंचा और मात्र 15 मिनट बाद मरीज को अस्पताल में भर्ती करा दिया गया। समय पर मिले इस उपचार से मरीज को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध हो सकी।
मरीज के पुत्र ऋतिक टोकसे ने इस सहायता के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और जिला प्रशासन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यदि यह सुविधा नहीं मिलती तो परिवार के लिए इतना बड़ा खर्च वहन करना संभव नहीं था। उन्होंने प्रशासन की त्वरित कार्रवाई और मानवीय संवेदनशीलता की सराहना की।
नर्मदापुरम में पहली बार सफलतापूर्वक संचालित हुई पीएम श्री एयर एम्बुलेंस सेवा ने यह साबित कर दिया है कि आपातकालीन परिस्थितियों में आधुनिक स्वास्थ्य सेवाएं लोगों के लिए जीवनरक्षक साबित हो सकती हैं। यह पहल प्रदेश में स्वास्थ्य सुविधाओं को नई दिशा देने के साथ आम लोगों के लिए बड़ी राहत बनकर सामने आई है।
