हादसे के बाद ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया। गुस्साए लोगों ने अनिल सिंह का शव सड़क पर रखकर आवागमन रोक दिया। पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों के समझाने के बाद जाम हटाया गया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए छपरा सदर अस्पताल भेज दिया।
खाना खाने के बाद बैठे थे, तभी गिरा राशन का पैकेट
मृतक के बेटे अभिनव प्रताप सिंह के मुताबिक, उनके पिता खाना खाने के बाद बैठे हुए थे। इसी दौरान बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए हेलीकॉप्टर से राहत सामग्री के पैकेट गिराए जा रहे थे। एक पैकेट उनके पिता के सिर पर आकर लगा, जिससे वह जमीन पर गिर पड़े। इसके बाद कई और पैकेट उनकी छाती पर भी जा गिरे।
अनिल कुमार सिंह की मौके पर ही मौत हो गई। बताया जा रहा है कि वह अखबार हॉकर थे। अमनौर थानाध्यक्ष विमलेश कुमार ने भी घटना की पुष्टि की है। उनके मुताबिक, गंभीर चोट लगने के कारण बुजुर्ग की मौके पर ही मौत हुई।
नेपाल से आई बाढ़ से कई प्रखंड प्रभावित
नेपाल से आई बाढ़ के कारण सारण जिले के कई प्रखंड प्रभावित हैं। इनमें मकेर, अमनौर और परसा सबसे ज्यादा प्रभावित बताए जा रहे हैं। बाढ़ के कारण कई गांवों का संपर्क सड़क मार्ग से टूट गया है और वे टापू जैसे हालात में पहुंच गए हैं।
ऐसे गांवों तक राहत सामग्री पहुंचाने के लिए हवाई मार्ग का इस्तेमाल किया जा रहा है। वायुसेना के हेलीकॉप्टर से प्रभावित लोगों के बीच सूखा राशन और अन्य राहत सामग्री पहुंचाई जा रही है। इसी दौरान परशुरामपुर गांव में राशन के पैकेट गिराने के दौरान यह हादसा हुआ।
छत पर खड़ी महिला और दो बच्चे भी घायल
इसी गांव में राहत सामग्री पहुंचाने के दौरान दूसरा हादसा भी हुआ। रंभा देवी अपने दो बच्चों के साथ घर की छत पर खड़ी होकर हेलीकॉप्टर से गिराई जा रही राहत सामग्री का इंतजार कर रही थीं।
हेलीकॉप्टर के नीचे से उड़ने के कारण पैदा हुई तेज हवा की वजह से रंभा देवी छत से बगल के मकान पर जा गिरीं। उनके कमर में गंभीर चोट आई है। वहीं, उनके दोनों बच्चों के पैरों में फ्रैक्चर होने की जानकारी सामने आई है। तीनों घायलों को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है।
एक ही गांव में दो हादसों से ग्रामीणों में दहशत
राहत सामग्री पहुंचाने के दौरान एक ही गांव में दो हादसे होने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। एक ओर बाढ़ से लोग परेशान हैं, वहीं राहत सामग्री पहुंचाने के दौरान हुए हादसे ने उनकी चिंता और बढ़ा दी है। प्रशासन की ओर से घटना की जानकारी जुटाई जा रही है और घायल महिला व उसके बच्चों का इलाज कराया जा रहा है।
