Apple की ओर से ऐप डेवलपर को भेजे गए नोटिस में कहा गया है कि Bitchat में ऐसा कंटेंट मौजूद है जिसे भारत में गैरकानूनी माना गया है। इसी आधार पर ऐप को भारत के ऐप स्टोर पर उपलब्ध रखने को Apple की ऐप रिव्यू गाइडलाइंस के अनुरूप नहीं माना गया। कंपनी के नियमों के अनुसार किसी भी ऐप के डेवलपर को उन सभी देशों के स्थानीय कानूनों और नियमों का पालन करना होता है जहां वह अपना ऐप उपलब्ध कराता है। Apple ने डेवलपर को यह भी विकल्प दिया है कि वह इस मामले में संबंधित मंत्रालय से संपर्क कर सकता है।
भारत में ऐप स्टोर से हटाए जाने के बाद Bitchat दूसरे देशों में उपलब्ध रहेगा। यानी जिन देशों के ऐप स्टोर को डेवलपर ने ऐप स्टोर कनेक्ट में चुना है वहां यूजर्स इसे डाउनलोड कर सकेंगे। हालांकि भारत में इसका TestFlight वर्जन भी बंद किया जाएगा। इसके बाद भारत में बाहरी और अंदरूनी टेस्टिंग के लिए TestFlight की सुविधा उपलब्ध नहीं रहेगी और सार्वजनिक TestFlight लिंक भी काम करना बंद कर देंगे।
Bitchat को खास तौर पर ऑफलाइन मैसेजिंग के लिए जाना जाता है। इसकी तकनीक इंटरनेट कनेक्शन पर पूरी तरह निर्भर नहीं रहती बल्कि आसपास मौजूद डिवाइस आपस में सीधे कनेक्ट होकर एक तरह का मेश नेटवर्क तैयार कर सकते हैं। यही तकनीक इस ऐप को सामान्य मैसेजिंग प्लेटफॉर्म से अलग बनाती है। इंटरनेट या मोबाइल नेटवर्क उपलब्ध नहीं होने की स्थिति में भी नजदीकी डिवाइस के जरिए संदेश भेजने की क्षमता ने इसे चर्चा में ला दिया था।
यह पहली बार नहीं है जब भारत में Bitchat को लेकर सरकारी कार्रवाई सामने आई है। इससे पहले जुलाई में गृह मंत्रालय की साइबर शाखा Indian Cyber Crime Coordination Centre यानी I4C ने GitHub से भी Bitchat को हटाने की मांग की थी। उस समय एजेंसी ने इस तकनीक को लेकर संभावित दुरुपयोग की आशंका जताई थी। एजेंसी के मुताबिक डिवाइस के सीधे आपस में जुड़ने और मेश नेटवर्क बनाने की वजह से इसका इस्तेमाल निगरानी से बचने या इंटरनेट संबंधी पाबंदियों को दरकिनार करने के लिए किया जा सकता है।
Bitchat को लेकर सामने आए इस पूरे मामले ने एक बार फिर ऑफलाइन कम्युनिकेशन तकनीक और डिजिटल निगरानी से जुड़े सवालों को चर्चा में ला दिया है। एक तरफ ऐसी तकनीक इंटरनेट बाधित होने की स्थिति में संचार का विकल्प दे सकती है वहीं दूसरी तरफ सुरक्षा एजेंसियों के लिए इसके जरिए होने वाले संचार की निगरानी चुनौतीपूर्ण हो सकती है। भारत में ऐप हटाए जाने के बाद अब इस बात पर नजर रहेगी कि Bitchat के डेवलपर और भारतीय अधिकारियों के बीच आगे क्या बातचीत होती है और क्या भविष्य में ऐप को दोबारा भारतीय ऐप स्टोर पर उपलब्ध कराने का रास्ता निकलता है।
