वायरल वीडियो में दिलीप नागर खुले आसमान में पैराग्लाइडिंग का आनंद लेते दिखाई दे रहे हैं। ऊंचे पहाड़ों, बादलों और तेज हवाओं के बीच वे पूरी श्रद्धा के साथ हनुमान चालीसा का पाठ कर रहे हैं। वीडियो देखने वाले लोग इसे आस्था, आत्मविश्वास और साहस का अद्भुत संगम बता रहे हैं। सोशल मीडिया पर कई लोगों ने उनकी भक्ति भावना की सराहना की है, वहीं कुछ लोगों ने इसे एक प्रेरणादायक अनुभव करार दिया है।
दिलीप नागर पिछले चार वर्षों से इंदौर हाई कोर्ट में वकालत कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि मनाली में पैराग्लाइडिंग के दौरान जब वे हजारों फीट की ऊंचाई पर पहुंचे तो उन्हें एक अलग ही आध्यात्मिक अनुभूति हुई। उनके अनुसार उस क्षण उन्हें ऐसा महसूस हुआ जैसे वे प्रकृति और ईश्वर के बेहद करीब हों। इसी भावनात्मक और आध्यात्मिक अनुभव के दौरान उनके मन में हनुमानजी का स्मरण आया और उन्होंने हनुमान चालीसा का पाठ शुरू कर दिया।
नागर का कहना है कि वे लंबे समय से भगवान हनुमान के भक्त हैं और नियमित रूप से उनका स्मरण तथा पूजा-पाठ करते हैं। यही कारण था कि जीवन के इस रोमांचक क्षण में भी उनके मन में सबसे पहले हनुमानजी का ध्यान आया। उन्होंने बताया कि पैराग्लाइडिंग के दौरान उनके साथ मौजूद टीम के सदस्यों ने ही इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो रिकॉर्ड किया था।
वीडियो के सोशल मीडिया पर आने के बाद यह तेजी से वायरल हो गया। विभिन्न प्लेटफॉर्म्स पर लोग इसे साझा कर रहे हैं और अपनी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। कई लोगों ने इसे भक्ति और साहस का अनूठा उदाहरण बताया है, जबकि कुछ ने कहा कि जीवन के रोमांचक पलों में भी अपनी आस्था से जुड़े रहना एक सकारात्मक संदेश देता है।
हालांकि इस बात की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है कि यह अपने प्रकार की पहली घटना है, लेकिन स्थानीय स्तर पर यह चर्चा जरूर है कि संभवतः किसी अधिवक्ता द्वारा पैराग्लाइडिंग करते हुए इतनी ऊंचाई पर हनुमान चालीसा का पाठ करने का यह दुर्लभ उदाहरण हो सकता है।
रविवार को रिकॉर्ड किया गया यह वीडियो अब केवल एक वायरल क्लिप नहीं रह गया है, बल्कि लोगों के लिए साहस, विश्वास और आध्यात्मिक जुड़ाव का प्रतीक बन गया है। मनाली की खूबसूरत वादियों के बीच आसमान में गूंजती हनुमान चालीसा ने इस अनुभव को और भी यादगार बना दिया है।
